सैमसंग ने भारत में आईपीओ की संभावना को नकारा: एलजी की राह पर नहीं चलेगी कंपनी
सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स ने भारत में अपनी स्थानीय इकाई के लिए आरंभिक सार्वजनिक निर्गम यानी आईपीओ लाने की संभावनाओं को फिलहाल पूरी तरह से खारिज कर दिया है। दक्षिण कोरियाई दिग्गज कंपनी का मानना है कि उसके पास भारत में अपने परिचालन और विस्तार के लिए पर्याप्त आंतरिक संसाधन और नकदी उपलब्ध है। यह बयान उन अटकलों के बीच आया है जिनमें कहा जा रहा था कि सैमसंग भी अपनी प्रतिद्वंद्वी कंपनी एलजी की तरह भारतीय शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने की योजना बना रही है। कंपनी के शीर्ष प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि उनकी प्राथमिकता बाजार में अपनी नेतृत्व क्षमता को मजबूत करना है, न कि पूंजी जुटाने के लिए सार्वजनिक होना।
वर्तमान में सैमसंग भारतीय उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में एक प्रमुख स्थान रखती है और भविष्य के निवेशों के लिए अपनी वैश्विक बैलेंस शीट पर भरोसा कर रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि सैमसंग की वित्तीय स्थिति अत्यंत सुदृढ़ है, जिसके कारण उसे बाहरी फंडिंग की तत्काल आवश्यकता नहीं है। कंपनी भारत में अपने विनिर्माण संयंत्रों और अनुसंधान केंद्रों में निवेश जारी रखेगी ताकि ‘मेक इन इंडिया’ पहल को और गति दी जा सके। इस निर्णय से यह साफ हो गया है कि सैमसंग अपनी स्वायत्तता बनाए रखना चाहती है और फिलहाल निवेशकों के दबाव से दूर रहकर अपने रणनीतिक लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित करेगी।

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